Breaking वोटर लिस्ट पर अखिलेश का बड़ा वार, बोले- आधार से जोड़ो मतदाता सूची; SIR के जरिए हो रही ‘वोट फिक्सिंग’ बंद हो
उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले मतदाता सूची को लेकर राजनीतिक टकराव तेज हो गया है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने 26 अक्टूबर 2026 को चुनाव आयोग से मांग की कि मतदाता सूची को आधार से जोड़ा जाए और बूथ स्तर पर बायोमेट्रिक पहचान की व्यवस्था की जाए। उन्होंने आरोप लगाया कि SIR के जरिए “वोट फिक्सिंग” की जा रही है और एक ही व्यक्ति के नाम कई जगह मतदाता प्रविष्टियां होने जैसी कथित विसंगतियां सामने आई हैं। इसी बीच चुनाव आयोग ने भी SIR के बाद उत्तर प्रदेश में Form-6, Form-7 और Form-8 के जरिए जोड़े, हटाए या संशोधित किए गए नामों की statewide scrutiny का आदेश दिया है। कंप्यूटर सहायकों को फॉर्म फीड करने से रोककर BLO के जरिए डिजिटल एंट्री कराने और डुप्लीकेट नाम हटाने के निर्देश दिए गए हैं। हालांकि आधार लिंकिंग की मांग और SIR से “वोट फिक्सिंग” का आरोप अखिलेश यादव का राजनीतिक पक्ष है, इसे चुनाव आयोग द्वारा प्रमाणित तथ्य नहीं माना जा सकता। अब आने वाले महीनों में मतदाता सूची की जांच और उसके नतीजे UP की चुनावी राजनीति के लिए बेहद महत्वपूर्ण होंगे।