नाबालिगों की ड्राइविंग पर प्रशासन सख्त
जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में नाबालिगों के वाहन चलाने के मामलों को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। सहायक क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (ARTO) डोडा ने शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026 को एक सर्कुलर जारी कर अभिभावकों और वाहन मालिकों को चेतावनी दी कि वे किसी भी परिस्थिति में नाबालिग बच्चों को मोटरसाइकिल, स्कूटर या कार चलाने के लिए न दें।
विभाग को ऐसी शिकायतें और रिपोर्ट मिली थीं कि कुछ अभिभावक और वाहन मालिक कानूनी रूप से ड्राइविंग के लिए पात्र नहीं होने के बावजूद बच्चों को वाहन सौंप रहे हैं। प्रशासन ने इसे गंभीर नियम उल्लंघन बताते हुए सख्त कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
18 साल से कम उम्र के बच्चों को वाहन देना प्रतिबंधित
ARTO के सर्कुलर में स्पष्ट किया गया है कि 18 वर्ष से कम उम्र के व्यक्ति को मोटर वाहन चलाने के लिए नहीं दिया जाना चाहिए। इसी तरह किसी ऐसे व्यक्ति को भी वाहन सौंपना गैरकानूनी है, जिसके पास संबंधित श्रेणी के वाहन के लिए वैध और प्रभावी ड्राइविंग लाइसेंस नहीं है।
यह नियम केवल बच्चों के माता-पिता पर ही नहीं, बल्कि वाहन के मालिक और उस व्यक्ति पर भी लागू होता है जो नाबालिग को वाहन चलाने की अनुमति देता है।
मोटर वाहन अधिनियम की इन धाराओं के तहत कार्रवाई
प्रशासन ने चेतावनी में मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की कई धाराओं का उल्लेख किया है।
- धारा 4: वाहन चलाने के लिए निर्धारित न्यूनतम उम्र से संबंधित प्रावधान।
- धारा 5: वाहन मालिक और जिम्मेदार व्यक्ति की जिम्मेदारी।
- धारा 180: अनधिकृत व्यक्ति को वाहन चलाने देने पर कार्रवाई।
- धारा 181: निर्धारित उम्र या लाइसेंस के बिना वाहन चलाने पर कार्रवाई।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन करने पर नाबालिग चालक के साथ वाहन मालिक या जिम्मेदार अभिभावक के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
अभिभावकों की जिम्मेदारी पर विशेष जोर
प्रशासन ने माता-पिता से अपील की है कि वे बच्चों को कम उम्र में वाहन चलाने की अनुमति देकर उनकी और दूसरे लोगों की जान जोखिम में न डालें।
कई बार अभिभावक बच्चों को स्कूल, बाजार या अन्य छोटे कामों के लिए दोपहिया अथवा चारपहिया वाहन दे देते हैं। लेकिन प्रशासन ने साफ किया है कि ऐसा करना केवल सुरक्षा के लिहाज से खतरनाक नहीं, बल्कि कानून का उल्लंघन भी हो सकता है।
ARTO ने वाहन मालिकों से भी कहा है कि वे अपने वाहनों की चाबियां नाबालिगों की पहुंच से दूर रखें और यह सुनिश्चित करें कि वाहन केवल लाइसेंसधारी व्यक्ति ही चलाए।
हेलमेट और सीट बेल्ट लगाने की भी अपील
सर्कुलर में केवल नाबालिगों की ड्राइविंग ही नहीं, बल्कि सड़क सुरक्षा के दूसरे नियमों पर भी जोर दिया गया है।
प्रशासन ने दोपहिया वाहन चालकों से हेलमेट पहनने और कार सहित अन्य मोटर वाहनों में यात्रा करने वाले लोगों से सीट बेल्ट लगाने की अपील की है।
अधिकारियों का कहना है कि सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करना सभी वाहन चालकों की जिम्मेदारी है। छोटी लापरवाही भी गंभीर दुर्घटना का कारण बन सकती है।
उल्लंघन करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
डोडा परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि जांच के दौरान यदि किसी नाबालिग को अवैध रूप से वाहन चलाते पाया गया या किसी वाहन मालिक द्वारा उसे वाहन सौंपने की पुष्टि हुई, तो मामले को गंभीरता से लिया जाएगा।
प्रशासन की इस चेतावनी का उद्देश्य नाबालिगों की ड्राइविंग पर रोक लगाना, सड़क दुर्घटनाओं को कम करना और अभिभावकों को उनकी कानूनी जिम्मेदारी के प्रति जागरूक करना है।