भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट के बाहर एक विशाल प्रदर्शन किया। विपक्षी दल मतदाता सूची से नाम हटाए जाने के विरुद्ध था।
राहुल गांधी और अन्य विपक्षी नेताओं ने चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की माँग करते हुए ज्ञापन जमा करने की कोशिश की। हजारों समर्थक उनके साथ थे।
चीफ जस्टिस सुर्य कांत विपक्षी नेताओं से मिलने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची संबंधी मामले अदालत के सामने लंबित हैं।
सरकार ने मतदाता सूची में से 13 करोड़ 30 लाख नाम हटाए हैं। इनमें 2 करोड़ 80 लाख मृत व्यक्तियों के नाम, 6 करोड़ 30 लाख जो स्थान बदल गए, और 3 करोड़ जिनका पता नहीं चल सके।
दिल्ली में पुलिस ने सप्ताहांत में हजारों कार्यकर्ताओं को पकड़ा था। इसके अलावा, पुलिस ने केंद्रीय दिल्ली में एंटी-रायट गियर पहने सैकड़ों सुरक्षा कर्मी तैनात किए और मुख्य सड़कों को अवरुद्ध कर दिया।
राहुल गांधी ने प्रेस वार्ता में भारतीय संविधान दिखाया। उन्होंने कहा, हम पीछे नहीं हटेंगे।
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार आयुक्त के दोनों डिप्टी अंदरूनी स्तर पर मतदाता सूची संशोधन, पंजीकरण प्रक्रिया और डिजिटल प्रणाली को लेकर चिंताएँ जाहिर कर चुके हैं।