समाजवादी पार्टी के नेता मुहम्मद आजम खान के नाम एनफोर्समेंट डायरेक्टोरेट ने मनी लॉन्ड्रिंग का नया केस दर्ज किया है। जेल में छह घंटे की पूछताछ के बाद यह कदम उठाया गया है।
रामपुर जेल में मंगलवार को सुबह 9:45 बजे चार सदस्यीय ED टीम पहुँची। दोपहर 4 बजे तक पूछताछ चली। लखनऊ जोनल ऑफिस की टीम ने आजम खान से सवाल पूछे।
क्या है आरोप
ED का कहना है कि सरकारी ठेकों का फंड निजी ठेकेदारों के माध्यम से मौलवी मुहम्मद अली जौहर ट्रस्ट और विश्वविद्यालय को दिया गया। यह फंड संपत्ति खरीद और निर्माण कार्यों में लगाया गया।
पूछताछ में ठेकेदारों से जुड़े वित्तीय लेन-देन पर ध्यान दिया गया। ट्रस्ट और विश्वविद्यालय को मिले दान और निर्माण खर्चों की जाँच की गई।
पहले की पूछताछ
विश्वविद्यालय के कुलाधिपति प्रोफेसर ज़हीरुद्दीन से ED ने पहले सवाल पूछे। समाजवादी पार्टी के विधायक नासिर अहमद खान से सात घंटे तक पूछताछ हुई। ठेकेदार सलीम से भी जाँच की गई।
अगस्त में ED ने रामपुर, सहारनपुर और दिल्ली में दस स्थानों पर छापेमारी की थी।
आजम खान की स्थिति
आजम खान रामपुर सदर से 10 बार विधायक रहे हैं। वे पूर्व मंत्री भी थे। नवंबर 2025 से जालसाजी के मामले में सजा के बाद जेल में बंद हैं। 2019 के लोकसभा चुनाव में सरकारी अधिकारियों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी के लिए भी दो साल की सजा काट रहे हैं।