उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच भाजपा आज गोरखपुर से बड़ा राजनीतिक संदेश देने की तैयारी में है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत पदयात्रा में शामिल होंगे। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष एवं केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी सहित कई वरिष्ठ नेताओं के भी कार्यक्रम में शामिल होने की जानकारी दी गई है।
महाराणा प्रताप इंटर कॉलेज से शुरू होगी पदयात्रा
भाजपा की ओर से जारी कार्यक्रम के मुताबिक, राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन सुबह करीब 11 बजे गोरखपुर पहुंचेंगे। इसके बाद महाराणा प्रताप इंटर कॉलेज में जनसभा आयोजित होगी। जनसभा के बाद पदयात्रा शुरू होकर गोलघर स्थित काली मंदिर के निकट सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा तक पहुंचेगी। वहां माल्यार्पण के साथ यात्रा का समापन प्रस्तावित है।
लाइव हिन्दुस्तान की रिपोर्ट के अनुसार, पार्टी ने इस यात्रा में 50 हजार से अधिक समर्थकों की भागीदारी का लक्ष्य रखा है। वहीं कुछ पहले की रिपोर्टों में 40 हजार लोगों की सहभागिता का लक्ष्य बताया गया था। इसलिए ये आंकड़े आयोजन के लक्ष्य हैं, वास्तविक उपस्थिति का अंतिम आंकड़ा नहीं।
कई वरिष्ठ नेता होंगे शामिल
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन और प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी के अलावा दोनों उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक के शामिल होने की जानकारी दी गई है। सांसद रवि किशन सहित पार्टी के अन्य वरिष्ठ पदाधिकारियों और सहयोगी दलों के नेताओं की मौजूदगी भी प्रस्तावित है।
पदयात्रा के बाद संगठनात्मक बैठकों का दौर
पदयात्रा के बाद नितिन नवीन तारामंडल स्थित एनेक्सी भवन में प्रबुद्ध वर्ग के लोगों से संवाद करेंगे। इसके बाद जनप्रतिनिधियों और पार्टी की कोर कमेटी के साथ बैठकें होंगी। 5 नवंबर को गोरखनाथ मंदिर में दर्शन-पूजन और पार्टी के पूर्व पदाधिकारियों तथा जनप्रतिनिधियों के साथ संगठनात्मक बैठकें भी प्रस्तावित हैं।
2027 विधानसभा चुनाव की तैयारी से जुड़ा अभियान
भाजपा इस अभियान को लोकतंत्र और संवैधानिक संस्थाओं के मुद्दे पर जनसंपर्क के रूप में पेश कर रही है। पार्टी नेताओं ने विपक्ष पर संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम करने और अराजकता फैलाने के आरोप लगाए हैं। ये भाजपा नेताओं के राजनीतिक आरोप हैं; इन्हें स्वतंत्र रूप से स्थापित तथ्य नहीं माना जाना चाहिए।
गोरखपुर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का गृह जनपद और भाजपा के लिए राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्र है। ऐसे में राष्ट्रीय अध्यक्ष की मौजूदगी, बड़ी जनसभा और पदयात्रा को 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले संगठन की सक्रियता और शक्ति प्रदर्शन के तौर पर देखा जा रहा है।