उत्तर प्रदेश में मानसून की विदाई के बीच मौसम ने फिर करवट ली है। बंगाल की खाड़ी में बने नए मौसम तंत्र के असर से बुधवार से प्रदेश भर में बारिश की गतिविधियां तेज होंगी।
मौसम विभाग के मुताबिक 22 से 28 सितंबर के दौरान प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश जारी रहने के आसार हैं। इसका सबसे ज्यादा असर पूर्वांचल, तराई और मध्य यूपी के जिलों में देखने को मिलेगा।
तापमान में बड़ी गिरावट संभव
विभाग का अनुमान है कि अगले एक सप्ताह में बारिश के साथ अधिकतम तापमान में पांच से आठ डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आ सकती है। 25 से 27 सितंबर के बीच प्रदेश के कई इलाकों में मध्यम से भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है।
26 सितंबर को पूर्वी तराई के जिलों में अति भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने इन जिलों के लिए विशेष सतर्कता बरतने का संकेत दिया है।
मंगलवार को भी छाए रहे बादल
मंगलवार को भी बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव क्षेत्र के असर से प्रदेश के कई जिलों में बादल छाए रहे। क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने इस बदलाव की वजह बताई।
उन्होंने कहा, "उत्तर प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में मध्य क्षोभमंडल स्तर पर ऊपरी चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है।" सिंह के अनुसार इसी परिसंचरण के प्रभाव से बुधवार से प्रदेश में बारिश शुरू होगी।
उन्होंने आगे बताया कि इस मौसम तंत्र का असर 28 सितंबर तक बना रह सकता है। इससे किसानों और आम लोगों को अगले कुछ दिन मौसम में बदलाव के लिए तैयार रहना होगा।