लखनऊ के कमता स्थित अवध बस स्टेशन पर रोडवेज चालक-परिचालकों ने बसों का संचालन रोक दिया। कर्मचारी निजी वाहनों के अवैध संचालन के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। हज़ारों यात्री स्टेशन पर फँसे रहे और अपने गंतव्य तक पहुँचने के लिए इधर-उधर भटकते रहे।
चालकों का कहना है कि बस स्टेशन के मुख्य द्वार पर दिशा परिवर्तन की वजह से सरकारी बसें यात्रियों तक नहीं पहुँच पाती हैं। इसी बीच निजी बसें और इरिटिगा वाहन वहीं काम कर रहे हैं जहाँ रोडवेज बसों को होना चाहिए। इससे सरकारी बसों का भाड़ा और आय दोनों प्रभावित हो रहे हैं।
कर्मचारी यह भी मानते हैं कि कुछ को भाड़ा न मिले तो उनका वेतन काट दिया जाता है। इसके अलावा आय का 50 प्रतिशत देने की बाध्यता भी उन्हें परेशान कर रही है। 7 अक्टूबर को प्रबंधन ने इन समस्याओं पर एक सूचना जारी की थी।
9 अक्टूबर और 12 अक्टूबर को प्रबंधन के साथ बातचीत हुई, लेकिन कोई ठोस समाधान नहीं निकला। परिषद ने घोषणा की है कि 16 अक्टूबर को सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।
परिषद की शाखा अध्यक्ष सुरेश कुमार वर्मा और सचिव कंटेश कुमार शर्मा ने कहा कि प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों के साथ किसी भी तरह की दमनकारी कार्रवाई का जोरदार विरोध किया जाएगा। क्षेत्रीय प्रबंधक विमल राजन ने कहा कि वार्ता चल रही है और बस सेवा जल्द शुरू हो जाएगी। साथ ही अवैध वाहनों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।